गोपालगंज हत्याकांड को लेकर सियासत में गरमाहट, सीबीआई जांच की मांग: तेजस्वी यादव

गोपालगंज हत्याकांड को लेकर सियासत में गरमाहट, सीबीआई जांच की मांग: तेजस्वी यादव

गोपालगंज. गोपालगंज हत्याकांड को लेकर बिहार की सियासत गरमा गई है। एक ओर जहां विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने राज्यपाल से मिलकर इस मामले की सीबीआई से जांच कराने की मांग की है। वहीं उन्होंने यह भी कहा है कि अगर इस हत्याकांड के आरोपित जदयू विधायक जल्द गिरफ्तार नहीं किए जाते हैं तो वे अपने विधायकों के साथ गोपालगंज के लिए कूच करेंगे। इस पर जदयू प्रदेश प्रवक्ता निखिल मंडल ने आरोप लगाया है कि तेजस्वी यादव गोपालगंज जाकर माहौल बिगाड़ना चाहते हैं। उधर, पुलिस मुख्यालय ने इस मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन कर दिया है।  एसटीएफ ने छापेमारी भी शुरू कर दी है। एक को गिरफ्तार किया गया है। 

राज्यपाल से मिले तेजस्वी, सीबीआई जांच की मांग
नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने बुधवार को राज्यपाल फागू चौहान से मिलकर गोपालगंज में लगातार हुई हत्या की घटनाओं की जांच सीबीआई से कराने के मांग की। उन्होंने राज्य में बढ़ते अपराध की स्थिति से अवगत कराया। साथ ही एक ज्ञापन देकर कहा कि वर्तमान सरकार के सत्ता में बने रहने से नागरिक सुरक्षित महसूस नहीं कर रहे हैं। ऐसे में राज्यपाल को उचित कार्रवाई करनी चाहिए। 
राज्यपाल को दिये ज्ञापन में उन्होंने कहा है कि वहां जदयू विधायक पर एक ही परिवार के तीन लोगों की हत्या का आरोप लगा है। इसके पहले भी एक पखवारे में अनिल तिवारी, शंभु मिश्रा और मुन्ना तिवारी समेत कई लोगों की हत्या हुई। सभी घटनाओं को एक ही ढंग से अंजाम दिया गया है। लिहाजा इनकी जांच सीबीआई से करानी चाहिए। 

इसके पहले सुबह प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा, गुरुवार शाम तक हत्याकांड के आरोपित जदयू विधायक अमरेन्द्र पांडे गिरफ्तार नहीं हुए तो वह अपनी पार्टी के सारे विधायकों के साथ गोपालगंज जाएंगे। मैंने दो दिन का समय सरकार को दिया था। पर भी कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। उल्टे आरोपी विधायक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर विपक्ष को दिल्ली से पटना तक ईंट से ईंट बजा देने की चेतावनी दे रहे हैं। अब तक मुख्यमंत्री ने इस घटना पर चुपी भी नहीं तोड़ी है। आरोप लगाया कि विधायक को घर में ही नजरबंद कर सरकार खेल कर रही है। एक मात्र प्रत्यक्षदर्शी गवाह ने उन्हें प्राथमिकी अभियुक्त बनाया है। 

नरसंहारों का दौर फिर बिहार में नहीं लौटने देंगे : सुशील मोदी  
उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी ने ट्वीट कर कहा कि एनडीए सरकार क्राइम और करप्शन पर जीरो टालरेंस की नीति का पालन करती है। इसलिए कुछ आपराधिक घटनाओं पर विपक्ष को छाती पीटने की जरूरत नहीं है।ानून अपना काम करेगा। जिनके राज में अपराध का राजनीतिकरण कर शहाबुद्दीन, राजबल्लभ, सुरेंद्र यादव जैसे लोगों को विधायिका का हिस्सा बनने दिया गया, वे र्निंश्चत रहें क्योंकि अब किसी का पद, जाति या मजहब देखकर न बचाया जाता है, न द्वेषवश में किसी को फंसाया जाता है। राजद कुछ आपराधिक मामले को अतिरंजित कर बिहार को बदनाम करना चाहता है। उसे तीन लोगों की हत्या व नरसंहार का फर्क समझ में नहीं आता। नरसंहार लालू-राबड़ी राज में होते थे। हम वे दिन नहीं लौटने देंगे।  राजद के 15 साल के शासनकाल में नरसंहारों की रक्तरंजित शृंखला से खेती-किसानी भी बर्बाद हो चुकी थी। वह दौर था, जब रंगदारी-अपहरण के डर से दुकानें शाम को बंद हो जाती थीं। जिन्होंने असुरक्षा के वे काले दिन बिहार को दिखाये, उनके सियासी वारिस आज जनता की सुरक्षा का वातावरण बनाने के लिए संघर्ष के दावे करते फिर रहे हैं।    

15 वर्षों के अपराध पर राजद बहस करे: जदयू
प्रदेश जदयू के मुख्य प्रवक्ता संजय सिंह ने कहा कि गोपालगंज की घटना के बाद विपक्ष को लग रहा है जैसी उसकी लॉटरी लग गई है। लॉकडाउन में भी राजभवन तक पहुंच गए। हद तो ये कि हाथ में केवल सालभर की आपराधिक घटनाओं का लेखा-जोखा लेकर पहुंचे। तुलना ही करनी थी तो 15 वर्षों के जंगलराज और मौजूदा शासनकाल से करते। प्रदेश राजद अध्यक्ष जगदानंर्द ंसह को चुनौती दी है कि साहस है तो 15 वर्षों के जंगलराज के आपराधिक आंकड़ों के साथ सार्वजनिक बहस करें। उन्हें अपने युवराज की चाटुकारिता छोड़ तथ्यों पर बात करनी चाहिए। कहा कि पंद्रह वर्षों तक जंगलराज वाले शासन में नवरत्न बने रहे नेता उम्र के अंतिम पड़ाव में राजभवन पहुंचकर विधवा विलाप कर रहे हैं। पूछा कि जंगलराज के दौर में जो दरबार की शोभा बढ़ाते थे उनको तब माताओं का दर्द क्यों नहीं सुनाई पड़ा, जिनकी गोद अपराधियों ने सुनी कर दी। जिनकी मांग र्का ंसदूर मिट गया उनका विलाप क्यों नहीं नज़र आया।  

तेजस्वी गोपालगंज जाकर माहौल बिगाड़ना चाहते हैं : निखिल  
प्रदेश जदयू प्रवक्ता निखिल मंडल ने बुधवार को कहा कि गोपालगंज हत्याकांड दुखद है और हम इसर्की ंनदा करते हैं। साथ ही आरोप लगाया कि तेजस्वी यादव गोपालगंज जाकर माहौल बिगाड़ना चाहते हैं। बिहार को फिर से अंधकार और जंगलराज की ओर ले जाना चाहते हैं। वे इसपर राजनीतिक रोटी सेंकना चाहते हैं। हमारा आग्रह है कि वे ऐसे मामले को जाति -धर्म से न जोड़ें। कहा कि हमारी सरकार प्रदेश में कानून के राज को बिगड़ने नहीं देगी। हत्या, रेप जैसे गंभीर मामलों पर नौटंकी करने वाले तेजस्वी को 6 महीने के अंदर ही बिहार की जनता सजा देगी। श्री मंडल ने कहा कि तेजस्वी भूल गए हैं कि अपराध ही राजद की पहचान रही है। बिहार को 15 साल तक जलाने वाले हमें नसीहत न दें। कहा कि नीतीश सरकार कानून के हिसाब से चलती है,न की किसी के ट्वीट या आदेश पर। पुलिस ने बिना किसी दबाव के काम किया और एक्शन लिया है। कहा कि तेजस्वी यादव को याद रखना चाहिए कि नीतीश सरकार किसी को बचाती नहीं है।