किशनगंज में बाढ़ से जीवन बेहाल हो चुकी है, अब तक कोई बचाव कार्य शुरू नहीं

किशनगंज में बाढ़ से जीवन बेहाल हो चुकी है, अब तक कोई बचाव कार्य शुरू नहीं

किशनगंज. किशनगंज के हालात बाढ़ से पिछले 24 घण्टे से जिले के सभी प्रखंडों में बाढ़ की स्थिति बहुत ख़राब हो चुकी है, जिससे जन जीवन बुरी तरह से प्रभावित हुआ है। हिमालय से निकलने वाली सभी नदियों में ऊफान है। बाढ़ का पानी फैलने से निचले इलाकों में बसे सैकड़ों गांव के लोग घर से बेघर हो गए हैं। गाँव के सड़के पूरी तरह से ख़राब हो चुकी है।

आप बहादुरगंज के कनकई पार की ताजा स्थिति देख रहे हैं। इस इलाके में 2017 की तरह हालात हैं। कनकई और रतुआ नदी के ऊफान से घिरे दुर्गापुर और निशन्द्रा पंचायत के दर्जनों गांव में लोगों का जीना मुहाल हो गया है।

कनकई नदी का पानी फैलने से फिर एक बार टेढ़ागाछ और निशन्द्रा रूट जगह जगह कट गया है। बैगना से निशन्द्रा पंचायत का सम्पर्क टूट चुका है। बेलबाड़ी, टंगटँगी, चमेली चौक, निशन्द्रा, हांडी भाषा, दुर्गापुर इलाके में पिछले 24 घण्टे से बाढ़ से जन जीवन ठप है।

किशनगंज जिला प्रशासन की और से इलाके में अब तक राहत या रेस्क्यू कार्य नहीं चलाया गया है। दिघलबैंक, टेढ़ागाछ, बहादुरगंज, किशनगंज अंचल क्षेत्र में बाढ़ से ज़िन्दगी बेहाल है। इंसान के साथ साथ मवेशी भी भूखे प्यासे परेशान हैं। बाढ़ की वजह से बिजली और संचार सेवाएं भी चौपट हो गई हैं।